
Summary
बांदा में तिंदुआरी के लिए रास्ता खराब है, लोगों को मुश्किल हो रही है, डमरी करने की मांग है।
From the report
कि नमस्कार दोस्तों आप देख रहे हैं खबल लहरियत चैनल को आज हम जहाब पूर्व में में रस्ता के पास खड़े हुए हैं और यहां से तिंदुआरी के लिए रोगों की मांग है कि इसमें डमरी करण होना चाहिए तो चलिए हम लोगों से बात करते हैं कितने साल से उम्माद कर रहे हैं और यह में रस्ता कितनी खराब है और लोगों को बरसाद के समय की सफैक्ति की अतिरियाद है तो हमारे साथ जो लुग कढ़े हुए हैं इनसे हम बात करेंगे इनका कहना क्या है झाल सी हो बोलना है क्या नाम है महत्रा में नाम सेम तो यह सब्सक्राइब करते साल से कक पड़ी हुई है कहीं नाम कि क्या दिखता आती है दिखता बार नियुक्त कर दिखता है दामा रोड बन मां तबके लिए कितने गाउं की लोग आते-आते इस रखता से लोग आते हैं जैसे कि मतलब है बरसाथ में कुछ बीमार हो गया तो फिर लोग कहां से जाते हैं इसी कम जॉक कर रहा है कि जैसी जी आना है आपका राम जनेश आदो चाहते हैं इस रोड के बारे में इस रोड के बारे में हम यह कहने चाहते हैं कि इसका राम रिकारण बहुत जल्दी होना चाहिए हम लोग मंत्री से भी बात किया कि यहां से राम रिकारण निकाल निकाल देंगे और बलवान जी से भी बात किया तो कहना बिल्कुल करा देंगे अभी तक इसका काम नहीं हुआ है और बहुत सालों से दिक्कत जा रही है कितनी गांव के लोग आते जाते हैं इसमें सरभान ताला पदाख पूर्ववानी पूर्व चकला चिल्ला सब जोहरपूर सब गाउं के लोग यहीं से निकलते हैं यह नदीक है तो और क्या दिक्कत आती है जैसे बारिश में और बाढ़ वाढ़ जैसे आ गई हां तो यह मेन मेन बाढ़ के लिए यही खुला रास्ता मिलता है और यही आता है नहीं है तो ऐसे खड़ा कर दिया कि भाई हम फ़स गए हैं अपना खड़े रखो तो यह तीन किलोमेटर रोड कच्ची है और पैदर चलना क्या मुश्किल आती है बहुत मुश्किलें आती हैं जैसे कोई बीमार हुआ हां तो बड़ी मुश्किल है क्या होना चाहिए इसका ड तो आगे करेंगे जैसे आपकी मांगे पूरी नहीं होती है तो आगे फिर अब देखेंगे कागज बढ़ाएंगे कहेंगे कि तो हमारे लोगों से बात करते हैं आप कहां जा रहे हैं यहां चाला बहुत है कीचड़ बहुत है यहां की समय बहुत खराब चल रही है इस गांव की तमय एंड्रा जो पूर्प आई थी रेहर गांव पर लोग यहां आते जाते हैं दिनवारी धून कर पद दोहतर पलगा सबले गुंग कर जा रहे हैं यह कि डोड़ नहीं बन रही डामरी दोमन मांग रहे हैं लोग कितने साल से कहां मांग की है भिमार कर रहे हैं तो बहुत साल से मांग कर रहे जमनेत तरह उन्होंने सिंह मांग करती है चुनाव के दौरान किस तरह की बातें होते हैं यह all देखिए जो पैर मांग करना चाहिए पर वह सब कुछ काट देते जो पाग तो अपने आपको वह समझ नहीं लगते यहां के अदमी नहीं है इसलिए तो ठीक है तुम ढकेरा कि तो इसमें डमरी करन होना चाहिए लोगों को निकलने के लिए बैठने के लिए जाने आने में बहुत दिखता था जैसे बीमार हो कोई लोग तो नहीं निकल पाते, वहाँ बहान खड़ा कर दिया, दूसरी जगह अगर सड़कों में ऐसे-वैसे में खड़े कर दिया, तो कोई गिरा दिया, फोड़ दिया, किसी के माथे जाता है? हमारे सबके लोगों चोरी हो जाती है, सब को कर लेता तो क्या करने है? कितनी रोड़े रोड़ का उताना भारी है कैसी कच्ची है देख लीजिए आप तो मिठा लग रहा हूं कि बताओ कि उतने बाड़ी है निकलना पाओगी अ है ठीक है बस अब यह खाकर उनके फोटोटाइप लाइक दो पाल गौपी हाल नहीं पहले 20 बल्ली सणा साथ ऐड के नाम हिंद रोल रॉट किन लास्ट है कहां से कहा जोड़ती है इसलिए है क्या दिखकत आती कची रोड से दिल कई बेहदार ज्यादा थी कची रोड में जैसे कोई बिमार हो गया और कुछ हो गंग के जाना परता है दोतराप रात प्रहिंदा से घूम के जानना परता है भराव आजाता है माध्या जाती है तो बाद में जो है लोग परीसान हो जाते हैं ताकि हो जाते हैं लोगों के वाहन फंस जाते हैं कोई बीमार हो जाता है तो दो दिन चाहिए में जब पानी हटाते उसके बाद जो है परसाइज आठी है तो जब शंपर मार्ग बंध हो जाती है बाड़ में तो फिर लोगों का ना जाना कहां से होता आना जाना बस बंद हो जाता है चारों तरफ से पानी भर जाता है यही है मेन रास्ता यही मेन रोड है निकलने की तो यह पूरी कच्ची रास्ता है इससे बहुत बड़ी दिक्कत है इसमें तगरीबन 15-16 गाउं भी जुड़े हुए हैं जहां से लोग का आना जाना है लेकिन यह मेन रोड कीचर की भाग पड़ी हुई है क्या मांग कर रहे हैं आप? मांग हम कर रहे हैं कि इस रोड में डामरी करन होना चाहिए मांग हम करीबन 15-20 साल से करते चले आ रहे हैं जो भी विधायक होते हैं, मंत्री होते हैं तो बड़ी-बड़ी सिट्रियों में रैली निकालते हैं, जैसे बांदा हो गया, वहाँ की विवस्थाय देखी जाती हैं, बसरते यहाँ जो है जो दिहातों में दिक्कते चल रही हैं, वो नहीं देखी जाती हैं. जब कुनाव पीडन आता है तो बहुत सारे उपलब्ध दिखाए जाते हैं, जंता को मुहचकी आ जाता है, चुनाव निकलने के बाद सब जिरो पॉइंट हो जाता है, नैया कोई किसान को ध्यान देता, नैया कोई रोड को ध्यान देता, नैया कोई बलिटरी के लिए ध्यान यार तो किस तरह के वादा होते हैं क्लॉफड वादें होते हैं यह लोग कहते हैं और बनवाद यह बनवा देंगे धनिष्य और यह मेन रोड है जो बरसाच से लेकर के हर प्रकार यह चलायामान रोड है और इसे में रोड खराब होने की वज़े से लोगों को घूम के जाना पड़ता है यहां पर तकरीबन 9 किलो मीटर तिंदवारी लोग पहुंच जाते हैं और जब घूम के जाते हैं तो वहां से 50 कि तो दोस्तों आप सुना होंगे जिस तरह से लोग परेशान हो रहे हैं कि यह कच्ची रोड है मांत्र तीन किलोमीटर रोड है और यह कच्ची रोड आने जाने के लिए लोगों का एक में रश्ता यही है लोगों का कहना है कि इस रक्ते से पर कई गांव जोडते हैं बताया है कि जैसे कि बरेठी है गुगवली है पदारसपुर है भवानीपुर है चिल्ला है लोमार चकला अतारा इस तरह से गांव के लोग इसी रश्ता से आते जाते हैं जब किसी तरह की बाढ़ा आ गई और बार गए तो उनका आनागमन ठप हो जाता है एक मन मेन रस्ता यह है तो यह जो पदारसपुर का डाढ़ है और इस डाढ़े से लेकर दतरवली और खौणा और मेन माटा तक यह पक्की रोड होना चाहिए जिससे नौ किलोमीटर रोड है अब लोग कई बार मांग किए हैं, यहाँ पर मंतरी जी से मांग किए हैं और विधायक जी से मांग किए हैं पर वादा करते हैं, जी जाने के बाद कोई कार नहीं होता है। अब लोग सोचते हैं कि इस बार जब आगे चुनाव आएंगे और जब यहाँ पर नेता मंत्री आएंगे उनसे मांग करेंगे जब तक हमारी मांगे पूरी नहीं होगी तक हम ओट नहीं देंगे। एक मेन कहना लोगों का यही है, देखो यहाँ पर जिस तरह से भराव है और यह पानी भर गया है और इसी रास्ता से अभी टेक्टर जो निकले हैं तो उनके पैया भी बन गये हैं, लोगों की दो पैया गारिया हैं उन फस जाती हैं, तूड जाती हैं, नुशकान भी होता है, लोगों की मांग है तो दोस्तों बने रहे हैं हमारे खबर लहरिया फेसबुक लाइव में और मैं अपना लाइव समाध करूंगी