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Summary
दो लाख लोगों ने E20 के खिलाफ शिकायतें भेजी हैं, लेकिन सरकार गंभीर नहीं है। लोगों को E20 के बाद गाड़ी के एवरेज पर और मेंटिनेंस कॉस्ट पर फरक पढ़ने वाला है। सवाल ये भी उठा है कि E20 लाने का फैसला हरदीपुरी का था या नितिन गटकरी का था।
“E20 के नाम पर सरकार ने आपके साथ सही किया है?”From the report
सिर्फ दो दिन के भीतर दो लाख लोगों ने राश्टरपती को E20 के खिलाफ उनकी शिकायते भेजी हैं। लगबख साथ लाख लोगों ने इस एवेंट को लाइफ दिखा। लेकिन सरकार अभी भी इस मसले पर गंभीर बिलकुल नहीं है। सबसे बड़ा सवाल ये उठा है कि तमाम लोग ये कह रहे हैं कि E20 के बाद उनकी गाड़ी के एवरेज पर और गाड़ी की मेंटिनेंस कॉस्ट पर एक बड़ा फरक पढ़ने वाला है सवाल ये भी उठा है कि अभी तो लोगों को ये भी नहीं पता है कि E20 लाने का फैसला हरदीपुरी का था या नितिन गटकरी का था इन तमाम सवालों के बीच में सबसे बड़ा सवाल ये है कि जब E20 आ गया पांच थे अभी देश में पेट्रोल की कीमतें कम क्यों नहीं हुई और डश में एक्चुयल पेट्रोल की कीमत सरकार वह भी बताए अब इस सारी चीज को लेकर जनता परेशान है लेकिन सरकार इस पर कोई आवार नहीं दे रही है पिषय देश के तमाम इंफ्लूएंसर मकैनिक ऑटोमोबाइल इंजीनियर्स इसके अलावा जिन लोगों के पर्सनल एक्सपीरियंस थे इट्वेंटी के लिए वह लोग आए पहले तो इस कार्यक्रम को ना होने के लिए तमाम कोशिशें की गई पुलिस क्लिप भी गई केजरीवाल पर भी प्रेशर बनाया गया लेकिन उसके बाद भी यह इवेंट हुआ इस इवेंट में ना कहीं भी आमाद्भी पार्टी का कोई लोगों नहीं था कहीं उनका चुनाव का सिंबल नहीं लगा हुआ था यह मैसेज था कि प्लाटी का प्रोग्राम नहीं है इस देश की लाखों करोड़ों जनता जो इट्वेंटी पॉलिसी से परेशान है यह उसका प्रोग्राम है उन लोगों का हक है कि उनको साफ सुथरा फ्यूल मिले जो कि सरकार नहीं दे पा रही है और दो लाख से लोग दो दिन में शिकायर भी कर चुके राश्ट्रपती से लेकिन जो करोडों लोगों का विशे है E20 इसको लेकर कि अगर विपक्ष सवाल उठा भी रहा है कि इस डिवाल इतना बड़ा आयोजन कर भी रहे है तो भी मीडिया उसे ब्लैक आउट कर रहा है सवाल आपसे है कि आपको लगता है कि E20 के नाम पर सरकार ने आपके साथ सही किया है